नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - में आपका स्वागत है ,यहां आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर और विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 9430042156 , khabarbiharin24@gmail.com ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , मुंबई इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में खगड़िया के सुमन शेखर की चमक – खबर बिहार IN

खबर बिहार IN

Latest Online Breaking News

मुंबई इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में खगड़िया के सुमन शेखर की चमक

😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

फिल्मी दुनियां : फिल्म ‘ख़्वाबिदा’ को मिला बेस्ट रोमांटिक फ़िल्म का अवार्ड, संवेदनशील प्रेमकथा ने जीता ज्यूरी का दिल  केबीआई। पुणे, महाराष्ट्र 

महाराष्ट्र के पुणे में आयोजित 6वें मुंबई इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में देश-विदेश की चुनिंदा लघु और स्वतंत्र फ़िल्मों का भव्य प्रदर्शन किया गया। राष्ट्रीय फिल्म विकास निगम (NFDC) और फिल्म्स डिवीजन ऑफ इंडिया के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस महोत्सव में दुनिया भर के फ़िल्मकारों ने भाग लिया। सिनेमा प्रेमियों के लिए यह आयोजन नए विचारों, अनोखी कहानियों और युवा फ़िल्मकारों की प्रतिभा से भरपूर रहा। फेस्टिवल में विभिन्न श्रेणियों में विजेताओं की घोषणा की गई, जिनमें ‘अनमे’ को प्रथम सर्वश्रेष्ठ लघु फ़िल्म, ‘अंतर’ को द्वितीय, और ‘ए नेम’ को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। वहीं ‘ऑपरेशन मां’ को बेस्ट डॉक्यूमेंट्री, ‘देसी ऊन’ को बेस्ट एनीमेशन, और ‘नीरोप’ को सर्वश्रेष्ठ मराठी शॉर्ट फ़िल्म का सम्मान दिया गया। इसी क्रम में बिहार के खगड़िया जिले के युवा फ़िल्मकार सुमन शेखर की फ़िल्म ‘ख़्वाबिदा’ को “बेस्ट रोमांटिक फ़िल्म” का प्रतिष्ठित पुरस्कार मिला। फ़िल्म में सुमन के निर्देशन और अभिनय दोनों की सराहना की गई। सुमन शेखर, खगड़िया के प्रसिद्ध साहित्यकार कैलाश झा किंकर एवं संध्या किंकर के छोटे सुपुत्र हैं। वे पिछले एक दशक से दिल्ली और अब मुंबई में रंगमंच एवं फ़िल्म निर्माण के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में उनकी चार फ़िल्में देश और विदेश के विभिन्न फ़िल्म महोत्सवों में प्रदर्शित हो रही हैं। उनकी एक अन्य फ़िल्म “द सैडिस्ट” को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली है और इसका प्रदर्शन जर्मनी में भी किया जा चुका है। ‘ख़्वाबिदा’ को इसकी संवेदनशील प्रेमकथा, मार्मिक संवाद, और बेहतरीन सिनेमैटोग्राफी के लिए विशेष रूप से सराहा गया। फ़िल्म अगले महीने अलीबाग फिल्म फेस्टिवल में भी प्रदर्शित की जाएगी। यह उपलब्धि न केवल सुमन शेखर के लिए, बल्कि बिहार और पूरे हिंदी पट्टी के युवा फ़िल्मकारों के लिए गर्व का क्षण है। फेस्टिवल में मौजूद दर्शकों और ज्यूरी ने ‘ख़्वाबिदा’ को आधुनिक रिश्तों की गहराई और कलात्मक प्रस्तुति के लिए बधाई दी।

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now